उत्तराखंड

प्रभारी सचिव स्वास्थ्य डॉ. आर राजेश कुमार बोले 1 अगस्त से प्रदेश भर में मनाया जाएगा सघन दस्त नियंत्रण पखवाडा

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देहारादून। डायरिया से बचाव एवं प्रबंधन के लिए एनएचएम स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रदेश के सभी जनपदों में सघन दस्त नियंत्रण पखवाड़ा 01 अगस्त 2022 से 14 अगस्त 2022 तक मनाया जाएगा यह जानकारी प्रभारी सचिव स्वास्थ्य एवं मिशन निदेशक एनएचएम डॉ. आर राजेश कुमार द्वारा साझा की गई। प्रभारी सचिव द्वारा बताया गया कि सघन दस्त नियंत्रण पखवाडे में प्रत्येक जिला चिकित्सालय, उप-जिला चिकित्सालय, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, आदि चिकित्सा इकाइयों में ओ.आर.एस. एवं जिंक कॉर्नर स्थापित किए जाएंगे तथा आवश्यक गतिविधियां कोविड प्रोटोकॉल को मद्देजनर रखते हुए की जाएंगी, जिसमें स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी एवं आशा कार्यकर्ता ओ.आर.एस. पैकेट को घर-घर तक पहुंचाना, जनजागरुता बढ़ाना व प्रचार-प्रसार का कार्य करेंगी।

प्रभारी सचिव द्वारा बताया गया कि निमित्त पखवाड़े के सफल आयोजन हेतु भारत सरकार के निर्देशानुसार आयोजन होगा, जिसके आदेश सभी जनपदों को दे दिए गये हैं। उनके द्वारा बताया गया कि पखवाड़े का मुख्य उद्देश्य बाल्यावस्था में दस्त के दौरान ओ.आर.एस. एवं जिंक के उपयोग के प्रति जागरुकता बढ़ाना, 05 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के मध्य दस्त के प्रबंधन एवं उपचार हेतु गतिविधियों को बढ़ावा देना है।

प्रभारी सचिव ने जानकारी देते हुए बताया कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के आई.डी.सी.एफ. कार्यक्रम के अंतर्गत ओ.आर.एस. पैकेट एवं जिंक टैबलेट का वितरण फील्ड स्तरीय कार्यकर्ताओं जैसी की आशा कार्यकर्ता, ए.एन.एम. द्वारा किया जाएगा। जिसमें आशा कार्यकर्ता द्वारा घर-घर जाकर ओ.आर.एस. का घोल बनाने की विधि का प्रदर्शन किया जाएगा और स्वच्छता संबंधी जानकारी भी दी जाएगी।

आपको बता दें दस्त की परेशानी बच्चों में आमतौर पर देखी जाती है। जिसमें बच्चों को ओ.आर.एस. एवं तरल पदार्थ दिया जाता है। 02 माह से 06 माह तक के बच्चों को जिंक की आधी गोली एवं 07 माह से 05 वर्ष तक के बच्चों को जिंक की पूरी गोली लगातार 14 दिन तक अनिवार्य रहती है। बीमारी के दौरान और बीमारी के बाद भी आयु के अनुसार स्तनपान व ऊपरी आहार जारी रखना चाहिए। दस्त के कुछ प्रमुख लक्षणों में बार-बार उल्टी होना, पानी जैसा लगातार मल होना, अत्यधिक प्यास लगना, तेज बुखार आने पर नजदीकि चिकित्सा इकायों व 104 टॉल फ्री नंबर में संपर्क करें।



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